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UP Police SI का वायरल पेपर पूरी तरह फर्जी! अफवाह फैलाने वालों पर FIR दर्ज, भर्ती बोर्ड ने दी सफाई

यूपी पुलिस एसआई भर्ती परीक्षा से पहले वायरल पेपर फर्जी निकला। टेलीग्राम पर ठगी का जाल बिछा, बोर्ड ने सफाई दी। अफवाह फैलाने वालों पर FIR दर्ज, अभ्यर्थी सावधान रहें।

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उत्तर प्रदेश में पुलिस सब-इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा से पहले सोशल मीडिया पर खलबली मच गई। टेलीग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर झूठे पेपर वायरल हो गए जिससे लाखों अभ्यर्थी घबरा गए।

भर्ती बोर्ड ने साफ किया कि ये सभी फर्जी हैं। आज और कल हो रही परीक्षा पर कोई असर नहीं पड़ेगा। बोर्ड ने अभ्यर्थियों को सतर्क रहने को कहा है। फर्जीवाड़ा फैलाने वालों पर कानूनी कार्रवाई शुरू हो गई है। उम्मीदवार वास्तविक जानकारी के लिए आधिकारिक वेबसाइट चेक करें।

UP Police SI का वायरल पेपर पूरी तरह फर्जी! अफवाह फैलाने वालों पर FIR दर्ज, भर्ती बोर्ड ने दी सफाई

सोशल मीडिया पर मच गया बबाल

परीक्षा की तारीख नजदीक आते ही टेलीग्राम चैनलों ने अभ्यर्थियों को फंसाने का जाल बिछा दिया। कई चैनलों ने दावा किया कि उनके पास परीक्षा का पूरा पेपर मौजूद है और इसे कुछ हजार रुपये में उपलब्ध कराया जा सकता है। कुछ जगहों पर 10 हजार तो कहीं 25 हजार तक कीमत बताई गई। भ्रमित अभ्यर्थी संपर्क करने लगे, लेकिन जल्द ही पता चला कि यह सब धोखाधड़ी की चाल है। बोर्ड ने तुरंत बयान जारी कर स्पष्ट किया कि वायरल दस्तावेज का परीक्षा से कोई संबंध नहीं है।

बोर्ड की त्वरित प्रतिक्रिया

उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड ने परीक्षा की पवित्रता पर कोई आंच न आने देने का भरोसा दिलाया। अधिकारियों ने कहा कि यह सामग्री पूरी तरह गढ़ी हुई है और इसका उद्देश्य परीक्षा प्रक्रिया को बाधित करना था। अभ्यर्थियों से अपील की गई कि वे केवल आधिकारिक चैनलों से जानकारी लें। परीक्षा केंद्रों पर कड़े इंतजाम किए गए हैं, जिसमें कैमरा निगरानी और साइबर विशेषज्ञों की तैनाती शामिल है। उम्मीदवारों को निर्देश दिए गए कि वे संदिग्ध लिंक या पेड सर्विसेज से दूर रहें।

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कानूनी कार्रवाई का दौर

पुलिस ने फर्जीवाड़े के खिलाफ कमर कस ली है। लखनऊ समेत कई जगहों पर शिकायतों पर एफआईआर दर्ज हो चुकी हैं। इनमें ठगी, सार्वजनिक शांति भंग करने और नकल के प्रयास जैसे आरोप शामिल हैं। डिजिटल सबूतों के आधार पर चैनलों के संचालकों की पहचान और गिरफ्तारी का अभियान चल रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि भर्ती सत्र में साइबर अपराधी सक्रिय हो जाते हैं, जो अभ्यर्थियों की मजबूरी का फायदा उठाते हैं।

भर्ती प्रक्रिया की जानकारी

इस बार 4500 से अधिक पदों पर भर्ती हो रही है, जिसके लिए लाखों ने आवेदन किया। परीक्षा कंप्यूटर आधारित होगी, उसके बाद शारीरिक परीक्षण और दस्तावेज जांच होगी। बोर्ड ने पारदर्शिता बनाए रखने पर जोर दिया है। अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपडेट ले सकते हैं। यह घटना भविष्य में सतर्कता बढ़ाने की सीख देती है। उम्मीदवार निश्चिंत होकर अपनी तैयारी पर ध्यान दें।

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info@nitap.in

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